रांची: झारखंड में मईया सम्मान योजना को लेकर राजनीतिक घमासान तेज हो गया है। इस योजना के तहत मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने 6 जनवरी को लाभार्थी महिलाओं के खाते में दिसंबर माह की राशि जारी की थी। लेकिन अब दो महीने से कोई भी किस्त ट्रांसफर नहीं हुई है, जिससे महिलाओं में आक्रोश व्याप्त है।
योजना की राशि समय पर न मिलने को लेकर विपक्ष सरकार पर हमलावर है। भाजपा प्रवक्ता प्रदीप सिंह ने सरकार पर वादा खिलाफी का आरोप लगाते हुए कहा, “चुनाव के दौरान सरकार ने योजना की राशि 1,000 रुपये से बढ़ाकर 2,500 रुपये करने का वादा किया था। चुनाव के बाद सिर्फ एक किस्त दी गई, लेकिन अब तक बाकी राशि का भुगतान नहीं किया गया है। सरकार को अपने वित्तीय प्रबंधन पर गंभीरता से विचार करने की जरूरत है।”

वहीं, झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) प्रवक्ता मनोज पांडे ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा को अपने किए गए वादों को निभाने की जरूरत है। उन्होंने कहा, “केंद्र सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि झारखंड की बकाया राशि का भुगतान कब किया जाएगा। जहां तक राज्य सरकार की बात है, हम हर हाल में महिलाओं को उनका हक दिलाएंगे।”
गौरतलब है कि मईया सम्मान योजना झारखंड सरकार की एक महत्वाकांक्षी योजना है, जिसके तहत प्रदेश की महिलाओं को वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है। लेकिन हालिया देरी से यह योजना राजनीतिक विवादों के केंद्र में आ गई है।





